‘उल्टे चश्मे’ से दुनिया दिखाने वाले तारक मेहता का निधन

 टेलीविजन दुनिया का चर्चित कार्यक्रम 'तारक मेहता का उल्टा चश्मा' के लेखक तारक मेहता अब हमारे बीच नही रहे।लंबी बीमारी के बाद आज उनका निधन हो गया। वे 87 साल के थे। मेहता ने 80 से ज्यादा किताबें लिखीं। उनकी कलम का नॉवेल  "उल्टा चश्मा" सबसे ज्यादा मशहूर हुआ। इसी नॉवेल से इन्सपायर होकर बाद में टीवी सीरियल 'तारक मेहता का उल्टा चश्मा' सीरियल बना। यह सीरियल 9 साल से टेलिकास्ट हो रहा है। बता दें कि मेहता का अंतिम संस्कार नहीं होगा, क्योंकि  मेहता ने बॉडी डोनेट करने का फैसला किया था ।आपको बता दे की पद्मश्री सम्मानित तारक मेहता 1960 से 1986 तक वे भारत सरकार के इन्फॉर्मेशन-ब्रॉडकॉस्टिंग मिनिस्ट्री के फिल्म डिविजन मुंबई में गजटेड अफसर रहे हैं।- 26 जनवरी, 2015 को इन्हें पद्मश्री से सम्मानित किया गया।- गुजरात के सीएम विजय रूपानी ने उन्हें श्रद्धांजलि देते हुए ट्वीट किया। लिखा, "तारक मेहता के निधन से बहुत दुख हुआ। वे कॉलमिस्ट थे और हास्य-व्यंग्य लिखते थे। वे हमेशा हमारे चेहरों पर मुस्कुराहट लाए। मेरी संवेदनाएं उनके परिवार के साथ हैं।"नॉवेल पर बना शो- उनके नॉवेल 'दुनियाने ऊंधा चश्मा' से इन्सपायर होकर टीवी शो 'तारक मेहता का उल्टा चश्मा' सीरियल बना।- पिछले 9 सालों से टेलिकास्ट हो रहा यह सीरियल देश ही नहीं, बल्कि विदेशों तक में काफी पसंद किया जाता है।- 2005 में ही उनकी इस क्रिएटिविटी पर बने टीवी सीरियल के 1700 एपिसोड हो चुके थे। इस पर शो के नाम लिम्का बुक ऑफ रिकॉर्ड्स दर्ज हुआ था।

 
 
Advertisment
 
Important Links
 
Important RSS Feed
MP Info RSS
Swatantra Khat RSS
 
वीडियो गेलरी




More
 
फोटो गेलरी
More
 
हमारे बारे में हमसे संपर्क करें      विज्ञापन दरें      आपके सुझाव      संस्थान      गोपनीयता और कुकीज नीति    
Copyright © 2011-2020 Swatantra Khat